Advertisment

News Affair में आपका हार्दिक स्वागत है — आपकी अपनी हिंदी न्यूज़ पोर्टल, जहाँ हर खबर मिलती है सही, सटीक और सबसे पहले।

हमारे साथ जुड़िए देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों, राजनीति, खेल, मनोरंजन, व्यापार और तकनीक की हर बड़ी अपडेट के लिए। हम हैं आपकी आवाज़, आपके सवाल और आपकी जिज्ञासा के साथ — निष्पक्ष, निर्भीक और नई सोच के साथ।

16th October 2026

ब्रेकिंग

बेटियां दुर्गा-काली बनें, बुर्के वाली नहीं; सागर में लव जिहाद मुक्त बनाने की बात कही

अदिरा बोलीं- पिटाई से एक कान से सुनाई देना बंद हुआ; ऋतु ने कहा- नाखूनों से चेहरा खरोंचा

IED ब्लास्ट के 30 पीड़ित भी होंगे शामिल; अमित शाह वर्चुअली करेंगे संवाद

केंद्र से मिलेंगे ₹1.17 करोड़; 24 घंटे कॉल सेंटर, 198 स्कूल-आश्रमों की डिजिटल निगरानी

भारत में अशांति फैलाने, सरकार के काम में बाधा डालने के लिए दिया जा रहा; दीपके का इनकार

तेजस एक्सप्रेस अब ‘स्प्राइट तेजस एक्सप्रेस : रेलवे का पहली बार नया ब्रांडिंग मॉडल; दिल्ली-लखनऊ के बीच 19 अगस्त से 11 नवंबर दौड़ेगी

News Affair Team

Tue, Aug 18, 2026

नई दिल्ली.

दिल्ली-लखनऊ के बीच चलने वाली तेजस एक्सप्रेस अब कुछ समय के लिए नए नाम से दौड़ती नजर आएगी। 19 अगस्त से 11 नवंबर 2026 तक ट्रेन नंबर 82501 और 82502 की घोषणा ‘स्प्राइट तेजस एक्सप्रेस’ के नाम से की जाएगी। रेलवे के विज्ञापन मॉडल में यह एक नया प्रयोग माना जा रहा है, जिसमें पहली बार किसी ब्रांड का नाम ट्रेन के आधिकारिक परिचालन नाम के साथ जोड़ा गया है।

अब तक कंपनियों को ट्रेनों के बाहरी हिस्से, कोच और अन्य स्थानों पर विज्ञापन या ब्रांडिंग की अनुमति मिलती रही है। हालांकि, ट्रेन के नाम में किसी ब्रांड को शामिल करने की व्यवस्था आम नहीं थी। इस पहल के तहत सॉफ्ट ड्रिंक ब्रांड स्प्राइट का नाम तेजस एक्सप्रेस के साथ जोड़ा गया है।

6 महीने के लिए मिले ब्रांडिंग अधिकार

रिपोर्ट के अनुसार, इंडियन रेलवे कैटरिंग एंड टूरिज्म कॉरपोरेशन (IRCTC) ने ट्रेन की ब्रांडिंग के विज्ञापन अधिकार स्प्राइट को दिए हैं। इसके लिए लेटर ऑफ एक्सेप्टेंस के माध्यम से प्रक्रिया पूरी की गई है। ब्रांडिंग अधिकार करीब 6 महीने के लिए दिए गए हैं, जबकि ट्रेन की पहचान ‘स्प्राइट तेजस एक्सप्रेस’ के तौर पर करीब तीन महीने तक इस्तेमाल की जाएगी। इस अवधि में दिल्ली और लखनऊ के अलावा रास्ते में आने वाले स्टेशनों पर ट्रेन की घोषणाओं में भी ब्रांड नाम का इस्तेमाल किया जाएगा।

देश की पहली निजी तौर पर संचालित ट्रेन

दिल्ली-लखनऊ तेजस एक्सप्रेस को देश की पहली निजी तौर पर संचालित ट्रेन के रूप में जाना जाता है। इसका संचालन IRCTC करता है, जबकि ट्रेन रेलवे के ट्रैक, स्टेशन और अन्य बुनियादी ढांचे का इस्तेमाल करती है। इसके एवज में IRCTC भारतीय रेलवे को भुगतान करता है।

तेजस एक्सप्रेस को 3 अक्टूबर 2019 को लखनऊ से रवाना किया गया था। बाद में इसके संचालन और सेवाओं में बदलाव किए गए। ट्रेन को आधुनिक सुविधाओं और बेहतर यात्री सेवाओं के लिए जाना जाता है।

सफल रहा प्रयोग तो बढ़ सकता है दायरा

रेलवे और IRCTC के लिए यह प्रयोग विज्ञापन से अतिरिक्त राजस्व जुटाने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है। अगर ब्रांडेड ट्रेन का यह मॉडल सफल रहता है, तो आने वाले समय में दूसरी ट्रेनों और रेलवे सेवाओं में भी इस तरह की ब्रांडिंग देखने को मिल सकती है।

कॉरपोरेट मीटिंग और कार्यक्रमों के लिए भी बुकिंग

तेजस एक्सप्रेस में कॉरपोरेट मीटिंग, शादी और अन्य सामाजिक कार्यक्रमों के लिए कोच बुक करने की सुविधा भी उपलब्ध है। एसी चेयर कार के एक कोच में 78 सीटें होती हैं। ऐसे में समूह यात्रा या विशेष आयोजनों के लिए भी ट्रेन की सेवाओं का इस्तेमाल किया जा सकता है।

विज्ञापन

जरूरी खबरें

विज्ञापन